Unlicensed ice cream factory stock destroyed, administration takes action after six children fall ill
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| Unlicensed ice cream factory stock destroyed, administration takes action after six children fall ill |
पूर्वी चम्पारण बिहार के हरसिद्धि थाना क्षेत्र में आइसक्रीम खाने से बच्चों की तबीयत बिगड़ने की घटना के बाद जिला प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। खाद्य सुरक्षा विभाग और स्थानीय प्रशासन की संयुक्त कार्रवाई में बिना किसी वैध लाइसेंस और पंजीकरण के अवैध रूप से संचालित हो रही आइसक्रीम फैक्ट्री का भंडाफोड़ हुआ है। प्रशासन की निगरानी में फैक्ट्री में रखे गए संपूर्ण स्टॉक को नष्ट कर दिया गया।
कैसे हुआ मामले का खुलासा?
शुक्रवार को हरसिद्धि थाना क्षेत्र के गायघाट हाई स्कूल के समीप एक आइसक्रीम विक्रेता ठेले पर आइसक्रीम बेचने पहुंचा था। वहां आइसक्रीम खाने वाले लगभग छह बच्चों की तबीयत अचानक बिगड़ गई। बच्चों के होंठ आपस में इस तरह चिपक गए कि उन्हें जबरन छुड़ाने का प्रयास करने पर खून तक निकल आया।
परिजनों द्वारा तुरंत बच्चों को नजदीकी अस्पताल में इलाज कराया गया। इस घटना की सूचना मिलते ही पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए तत्काल आइसक्रीम विक्रेता को हिरासत में ले लिया और उसके ठेले को जब्त कर लिया।
अवैध फैक्ट्री पर छापेमारी और बड़ी कार्रवाई
बच्चों के बीमार होने की इस गंभीर घटना के बाद खाद्य सुरक्षा अधिकारी धर्मेंद्र कुमार के नेतृत्व में एक विशेष जांच अभियान चलाया गया। जांच के दौरान कोटवा थाना क्षेत्र के कररिया गांव (वार्ड नंबर 13) में 'बेस्ट चॉइस' (Best Choice) नामक आइसक्रीम फैक्ट्री का संचालन पकड़ा गया।
जांच में यह बात सामने आई कि यह फैक्ट्री बिना किसी वैध पंजीकरण या लाइसेंस के पूरी तरह अवैध रूप से चलाई जा रही थी और बाजार में घटिया व फर्जी लेबल लगाकर आइसक्रीम बेची जा रही थी। प्रशासन की मौजूदगी में फैक्ट्री में मौजूद समस्त आइसक्रीम स्टॉक को नष्ट कर दिया गया।
अत्यधिक ठंडक (Over-freezing) के कारण हुआ केमिकल रिएक्शन?
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, आइसक्रीम स्टोर करने वाले ठेले पर सामग्री को आवश्यकता से अधिक समय तक अत्यधिक ठंडा करने (या ओवर-चार्ज करने) के कारण आइसक्रीम में केमिकल रिएक्शन हुआ, जिसके चलते बच्चों के होंठ आपस में चिपकने जैसी खतरनाक स्थिति उत्पन्न हुई।
आगे की कानूनी कार्रवाई
फैक्ट्री का संचालन माधोपुर मधुमालत गांव निवासी रंजीत प्रसाद गुप्ता के पुत्र मासूम कुमार द्वारा किया जा रहा था। प्रशासन ने जब्त की गई आइसक्रीम के सैंपल को सुरक्षित रूप से जांच के लिए पटना स्थित राजकीय प्रयोगशाला (लैब) में भेज दिया है।
प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि लैब से जांच रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद अग्रेतर कार्रवाई की जाएगी।
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